: छत्तीसगढ़िया ओलंपिक खेलों के आयोजन से पारंपरिक खेलों के प्रति आमजन का बढ़ा रूझान - महापौर
Tue, Oct 11, 2022
राजीव मितान क्लब स्तर के खेलों का हुआ समापन
15 अक्टूबर से प्रारंभ होंगी जोन स्तरीय खेल प्रतियोगिताएं
कोरबा|
कोरबा जिला नगर निगम महापौर राजकिशोर प्रसाद ने कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के द्वारा छत्तीसगढ़ के पारंपरिक खेलों को प्रोत्साहित करने हेतु शुरू कराए गए छत्तीसगढ़िया ओलंपिक खेलों के आयोजन से राज्य के पारंपरिक खेलों के प्रति आमजन का रूझान तेजी से बढ़ा है तथा लोगों में इन खेलों को लेकर अच्छा खासा उत्साह देखा जा रहा है। खेल अकादमी की स्थापना से खिलाड़ियों एवं खेलों का बेहतर भविष्य सुनिश्चित किया जा सकेगा।उक्त बातें महापौर श्री प्रसाद ने विभिन्न वार्डो में आयोजित छत्तीसगढ़िया ओलंपिक आयोजन के दौरान कही। प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के द्वारा छत्तीसगढ़ के पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देने एवं इनके प्रति लोगों में जागरूकता लाने हेतु राज्य के नगरीय व ग्रामीण क्षेत्रों में छत्तीसगढ़ ओलंपिक गेम्स की शुरूआत कराई गई है।
नगर पालिक निगम कोरबा क्षेत्र के वार्डो में भी कलेक्टर संजीव कुमार झा के मार्गदर्शन एवं आयुक्त प्रभाकर पाण्डेय के दिशा-निर्देशन पर राजीव युवा मितान क्लब के आयोजकत्व में 06 अक्टूबर से 11 अक्टूबर तक छत्तीसगढ़िया ओलंपिक के तहत राजीव मितान क्लब स्तरीय खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। क्लब स्तरीय आयोजन के अंतिम दिन महापौर राजकिशोर प्रसाद ने निगम के आधा दर्जन से अधिक वार्डो में पहुंचकर खेलों का शुभारंभ कराया, उन्होने निगम के वार्ड क्र. 25 एनसीडीसी स्कूल, वार्ड क्र. 01 ज्योति हायर सेकेण्डरी स्कूल, वार्ड क्र. 18 पथर्रीपारा वाल्मीकि आश्रम, वार्ड क्र. 52 प्रगतिनगर, वार्ड क्र. 53 नदियाखार, वार्ड क्र. 29 पोड़ीबहार, वार्ड क्र. 30 मानिकपुर आदि वार्डो में अपनी गरिमामयी उपस्थिति प्रदान करते हुए खेलों का शुभारंभ कराया, इसके पूर्व उन्होने खिलाड़ियों का परिचय प्राप्त किया, उन्हे अपनी शुभकामनाएं दी।इस मौके पर महापौर श्री प्रसाद ने गिल्ली डंडा, खो-खो, व भवरा चालन खेलों का लुत्फ उठाया। महापौर श्री प्रसाद ने खेल प्रतियोगिताओं के प्रतिभागी खिलाड़ियों एवं उपस्थित नागरिकों को शुभकामनाएं देते हुए आगे कहा कि छत्तीसगढ़िया ओलंपिक का आयोजन शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में किया जा रहा है तथा सम्पूर्ण प्रदेश में खेलों का अच्छा वातावरण बना है, पारंपरिक खेलो के प्रति लोगों की रूचि बढ़ी है तथा सभी आयु वर्ग के लोग इन पारंपरिक खेलों को बड़े उत्साह के साथ खेल रहे हैं। कोरबा में खेल अकादमी स्थापित किए जाने की स्वीकृति मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के द्वारा प्रदान की गई है, जिसका कार्य भी वर्तमान में प्रगति पर है, खेल अकादमी स्थापित हो जाने से कोरबा जिले के खिलाड़ियों को बेहतर खेल सुविधाएं आवश्यक प्रशिक्षण आदि प्राप्त हो सकेगे तथा वे प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर अपनी खेल प्रतिभा का बेहतर प्रदर्शन कर सकेंगे।इस अवसर पर सभापति श्यामसुंदर सोनी, मेयर इन काउंसिल सदस्य संतोष राठौर, सपना चौहान, प्रदीप जायसवाल, रमेश नवरंग, अशोक अग्रवाल, तुलसी ठाकुर, किरण सिंह कंवर, नीला कंवर, पूजा यादव, अशोक लोद, विजय यादव, यशवंत चौहान, विजय सोनखरे, मेहताब अली, राजेश यादव, सीमा लाल, पूजा मिश्रा, सुनील निर्मलकर, क्षितिज गोस्वामी, शोभराम राठौर, प्राचार्या श्रीमती मीना साहू, प्राचार्य डी.के.यादव, निरंजन पटेल, अमित कुमार सहित राजीव युवा मितान क्लब के अन्य पदाधिकारी व सदस्यगण, निगम के अधिकारी कर्मचारीगण तथा आमनागरिकगण उपस्थित थे।
15 अक्टूबर से प्रारंभ होंगे जोन स्तरीय खेल
ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों में आयोजित होने वाले छत्तीसगढ़िया ओलंपिक 2022-23 की खेल प्रतियोगिताएं कुल 06 स्तर पर सम्पन्न कराई जाएगी। 11 अक्टूबर केा सम्पन्न हुई राजीव मितान क्लब स्तरीय खेल प्रतियोगिताओं के पश्चात अब 15 अक्टूबर से 20 अक्टूबर तक जोन स्तरीय खेल प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी, वहीं 27 अक्टूबर से 10 नवम्बर तक विकासखण्ड व नगरीय कलस्टर स्तर पर, 17 नवम्बर से 26 नवम्बर तक जिला स्तर पर 05 दिसम्बर से 14 दिसम्बर तक संभाग स्तर पर एवं 28 दिसम्बर 2022 से 06 जनवरी 2023 तक राज्य स्तर पर खेल प्रतियोगिताएं आयोजित होंगी।
: कोरबा के नए सीएमएचओ डॉ.एस.एन.केशरी ने किया पदभार ग्रहण
Tue, Oct 11, 2022
कोरबा|
छत्तीसगढ़ शासन,लोक स्वास्थ्य एवं स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग मंत्रालय महानदी भवन नवा रायपुर अटलनगर के आदेश दिनांक 30 सितम्बर 2022 द्वारा जिला रायगढ़ के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.एस.एन.केशरी को स्थानांतरित करते हुए जिला कोरबा में पदस्थ करने के फलस्वरूप डॉ केशरी द्वारा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी का पदभार ग्रहण कर लिया गया है।
जिले के नवपदस्थ मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.एस.एन.केषरी द्वारा बताया गया कि कोरबा जिला आदिवासी बाहुल्य एवं वनांचल क्षेत्र से परिपूर्ण है,जहां उनकी पहली प्राथमिकता जिले में अंतिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य सेवाओं को सहजता से सुलभ कराना है तथा जिले में सभी गर्भवती महिलाओं की गुणवत्तापूर्वक प्रसवपूर्व जांच एवं जटिल प्रकरणों की समय से पहचान व उपचार सुनिष्चित कराना,आयुष्मान भारत योजनांतर्गत सभी पात्र परिवारों का शतप्रतिषत आयुष्मान कार्ड बनवाना व पंजीकृत चिकित्सालय में नगदरहित स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराना है। साथ ही जिले में संचालित विभागीय नीतियां एवं समग्र अभिनव योजनाएं सही दिषा में अग्रसर हो,इस हेतु विभागीय समन्वय के साथ स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में उत्तरोत्तर निरंतर विकास करना है।
: बालको ने त्यौहारों पर आय सृजन हेतु 300 महिलाओं को किया प्रशिक्षित
Tue, Oct 11, 2022
कोरबा|
कोरबा जिले में स्थित वेदांता समूह की कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी (बालको) ने त्यौहारों का उत्साह बढ़ाने के लिए स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) हेतु नई पहल की है। कंपनी के उन्नति परियोजना के अंतर्गत प्रशिक्षिण के माध्यम से एसएचजी सदस्यों हेतु विभिन्न उत्पाद बनाने का कार्यक्रम शुरू किया गया है। कार्यशालाओं के माध्यम से बालको प्रतिभागियों को अपने लिए राजस्व और आय सृजन के लिए अतिरिक्त स्त्रोत बनाने में मददकर रहा है। त्यौहारों के उमंग एवं उत्साह को बढ़ावा मिल रहा है।
बालको ने रक्षाबंधन त्यौहार के दौरान अपने सामुदायिक परियोजना 'उन्नति' के तत्वावधान में आयोजित प्रशिक्षण कार्यशालाओं की शुरुआत की थी। त्यौहार से पहले सदस्यों ने हस्तनिर्मित राखियां बनाई और बेचीं। वहीं गणेश चतुर्थी त्यौहार पर नर्मदा नदी से निकाली गई पवित्र मिट्टी और गंगा नदी के पानी से भगवान गणेश की पर्यावरण अनुकूल मूर्तियां बनाईं। नई पहल होने के बावजूद एसएचजी सदस्यों ने गणेश की अधिकांश मूर्तियों को बेचने में सफलता हासिल की जो उनकी मेहनत एवं गुणवत्ता को दर्शाता है।
दिवाली त्यौहार के मद्देनजर एसएचजी सदस्यों ने स्थानीय महिलाओं के विविध हितों को ध्यान में रखते हुए कई प्रशिक्षण सत्रों की पेशकश की है। वर्तमान में संचालित कार्यशाला 'कला प्रशिक्षण' और 'हस्तनिर्मित चॉकलेट' सत्रों के माध्यम से प्रतिभागियों को बुनियादी ड्राइंग एवं पेंटिंग कौशल और स्वादिष्ट चॉकलेट बनाने की विधि सिखाई जा रही है। इसके अलावा 'छत्तीसा' पहल की शुरूआत की है जिसमें पारंपरिक छत्तीसगढ़ी व्यंजन बनाना सिखाया जा रहा है। कार्यशाला की मदद से अब तक 300 से ज्यादा एसएचजी सदस्यों को प्रशिक्षित किया जा चुका है।
बालको के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक अभिजीत पति ने कहा कि हम समाज की महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर एवं सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। स्थानीय महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए उन्हें अनेक अवसर बालको की परियोजना उन्नति के जरिए उपलब्ध कराए गए हैं। उन्होंने कहा कि महिलाएं स्वयं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाएं। इससे उन्हें समाज में अपनी स्वतंत्र पहचान स्थापित करने में मदद मिलेगी। श्री पति ने कहा कि महिलाएं अपने परिवार, समाज और देश को बुलंदियों पर लेकर जाने में अपना योगदान दें। बालको प्रबंधन महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए कटिबद्ध है।
स्वयंसेवी संगठन जीपीआर स्ट्रैटेजीज एंड सोल्यूशंस के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रेक्स मेहता कहते हैं कि बालको सामुदायिक विकास के चहुंमुखी प्रयासों के अंतर्गत उन्नति परियोजना सफलता का एक उदाहरण है। उन्नति परियोजना के अंतर्गत महिला सबलीकरण के उद्देश्य से आर्थिक समावेशन एवं स्वावलंबन, समूह तथा सामाजिक सुदृढ़ीकरण के आधार स्तंभों को लक्षित किया गया है। उन्होंने विश्वास जताया कि महिलाओं की रचनात्मक भागीदारी से यह परियोजना नई ऊंचाइयों को छूएगी।
लाभार्थी धनेश्वरी गोस्वामी ने बताया कि चॉकलेट बनाने का अनुभव वाकई में बहुत अच्छा था। हमने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि जो चॉकलेट बाजार से खरीदते हैंउसे घर पर भी बनाया जा सकता है। प्रशिक्षण से हम चॉकलेट बनाना सीख गए और जिसे बाजार में बेचकरअपनी आय बढ़ाने में मदद मिली है।
परियोजना उन्नति के जरिए महिलाओं को अनेक गतिविधियों से जोड़ा गया है जिससे उन्हें आजीविका प्राप्त करने और खुद के पैरों पर खड़े होने में मदद मिली है। वर्तमान में कोरबा के 45 शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में लगभग 458 स्वयं सहायता समूहों की लगभग 5066 महिलाओं को विभिन्न कार्यक्रमों से लाभ मिल रहा है। परियोजना के अंतर्गत महिला स्वयं सहायता समूहों के फेडरेशन विकास की दिशा में कार्य जारी है। महिलाओं को क्षमता निर्माण, वित्तीय प्रबंधन, सूक्ष्म उद्यमों के प्रचालन का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।